उम्मीद और ख़्वाब
एक छोटी-सी उम्मीद
अभी रात है तो सुबह भी आएगी, थकी हुई आँखों में रोशनी भी आएगी। तू अपने ख़्वाबों का दामन मत छोड़, किसी दिन तेरी मेहनत रंग भी लाएगी।
— शायराना विद केतन
© Shayarana with Ketan
15 October 2026
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अँधेरा देखकर सूरज पर शक मत करना, हर सुबह को आने में पूरी रात लगती है।
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उम्मीद वो चीज़ नहीं जो सब ठीक होने का वादा करे, उम्मीद वो है जो सब बिगड़ने पर भी कोशिश करना सिखाए।
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